नई दिल्ली : वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) में हाल ही में किए गए नेक्स्टजेन सुधारों से इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय के तहत आने वाले क्षेत्रों को बड़ा प्रोत्साहन मिलने वाला है। दरों में कमी से आवश्यक उत्पाद आम नागरिकों के लिए अधिक सुलभ होंगे, साथ ही घरेलू विनिर्माण को मजबूती, एमएसएमई और स्टार्ट-अप्स को सहयोग मिलेगा। ये कदम डिजिटल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्यों को भी आगे बढ़ाएंगे।
इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय ने बताया कि एयर कंडीशनर, डिशवॉशर और बड़े आकार के टेलीविजन पर जीएसटी दर को 28 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया गया है। इससे घरेलू मांग बढ़ेगी और घरों के लिए इन उत्पादों की वहन क्षमता में सुधार होगा।
मंत्रालय ने कहा कि इस कदम से कंपोनेंट्स जैसे कंप्रेसर, डिस्प्ले और सेमीकंडक्टर में मजबूत बैकवर्ड लिंकज तैयार होंगे। इसके अलावा प्लास्टिक, वायरिंग, कूलिंग सिस्टम, एलईडी पैनल और असेंबली सेवाओं से जुड़े एमएसएमई को नए अवसर मिलेंगे।
सुधारों से स्थानीयकरण को बढ़ावा मिलेगा और आयात पर निर्भरता घटेगी। वहीं, डिशवॉशर पर जीएसटी में कटौती से घरों में ईज़ ऑफ लिविंग यानी जीवन को और आसान बनाने में भी मदद मिलेगी।





