नई दिल्ली – अंतरिक्ष विज्ञान के इतिहास में 30 अगस्त 1984 का दिन स्वर्ण अक्षरों में दर्ज है। आज ही के दिन नासा (NASA) ने अपने ऐतिहासिक अंतरिक्ष यान स्पेस शटल डिस्कवरी (Space Shuttle Discovery) को पहली बार अंतरिक्ष में प्रक्षेपित किया था।
डिस्कवरी का यह मिशन नासा के स्पेस शटल प्रोग्राम का हिस्सा था और इसे फ्लोरिडा के कैनेडी स्पेस सेंटर से लॉन्च किया गया था। इस उड़ान को STS-41-D मिशन नाम दिया गया था। इस मिशन के दौरान छह अंतरिक्ष यात्री सवार थे, जिन्होंने कई महत्वपूर्ण उपग्रहों को कक्षा में स्थापित किया।
डिस्कवरी की इस पहली उड़ान ने अमेरिका की अंतरिक्ष यात्रा को नई दिशा दी और आगे चलकर यह शटल कई ऐतिहासिक मिशनों का हिस्सा बना। विशेष बात यह रही कि इसी यान ने बाद में प्रसिद्ध हबल स्पेस टेलीस्कोप को भी अंतरिक्ष में स्थापित करने में अहम भूमिका निभाई।
स्पेस शटल डिस्कवरी कुल 39 मिशनों पर गया और 2011 में इसे सेवा से निवृत्त कर वॉशिंगटन डी.सी. के स्मिथसोनियन नेशनल एयर एंड स्पेस म्यूज़ियम में प्रदर्शित किया गया।
30 अगस्त 1984 को हुई यह उड़ान मानवता की अंतरिक्ष यात्रा में एक बड़ा कदम थी, जिसने आने वाले दशकों में विज्ञान और तकनीक को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाने की राह बनाई।





