चंद्रपुर : नागपुर के अपर श्रमायुक्त किशोर दहीफळकर के निर्देशानुसार और चंद्रपुर के सहायक श्रमायुक्त राजदीप धुर्वे के मार्गदर्शन में बाल एवं किशोर श्रमिक (विनियमन एवं उन्मूलन अधिनियम, 1986) तथा संशोधित अधिनियम, 2016 के तहत बाल एवं किशोर श्रमिक मुक्ति अभियान चलाया गया.
इस अभियान के दौरान बल्लारपुर रेलवे स्टेशन के पास स्थित एक साउथ इंडियन कैफे में एक बाल श्रमिक कार्यरत पाया गया, जिसके चलते बल्लारपुर पुलिस स्टेशन में एफआईआर दर्ज कर संस्थान के मालिक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की गई.
इस संयुक्त कार्रवाई का नेतृत्व दुकान निरीक्षक सचिन अरबट ने किया, जिसमें सिद्धेश्वर फड, महिला एवं बाल कल्याण विभाग की दीपाली मेश्राम, चाइल्डलाइन के दीपक मेश्राम, विशाल शेलके और उप-निरीक्षक मीनल कापगते शामिल रहे.
कुछ दुकानदार नाबालिग बच्चों को अपने प्रतिष्ठानों में काम पर रखते हैं और उनका शोषण करते हैं, जो कानूनन अपराध है. समाज के हर नागरिक को अपनी जिम्मेदारी समझनी चाहिए और अगर कहीं बाल श्रमिक कार्यरत दिखाई दें, तो श्रमायुक्त कार्यालय या 1098 हेल्पलाइन नंबर पर सूचना दें, ऐसा आह्वान सहायक श्रमायुक्त राजदीप धुर्वे ने किया है.




