प्रणयकुमार बंडी
घुग्घुस (चंद्रपुर) – नगर परिषद द्वारा की गई नाली सफाई की हकीकत एक बार फिर बारिश के साथ सामने आ गई है। घुग्घुस-वणी मार्ग पर स्थित गोल्डन बियर शॉप के आसपास के वसाहतों और शॉपिंग कॉम्प्लेक्स की स्थिति इस साल भी अत्यंत दयनीय बनी हुई है। स्थानीय नागरिकों और व्यापारियों का कहना है कि हर साल की तरह इस साल भी नाली सफाई केवल कागजों पर की गई है और जमीनी हकीकत इससे कोसों दूर है।
व्यापारियों का कहना है कि जून से अगस्त तक के तीन महीने उनके लिए जद्दोजहद के बन जाते हैं। दुकानों के सामने पानी भर जाता है, नालियां ओवरफ्लो होकर गंदगी घर और दुकानों पर फैला देती हैं, जिससे ग्राहक भी आने से कतराने लगते हैं। इससे व्यापार पर भारी असर पड़ता है।
स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया कि नाली सफाई के नाम पर नगर परिषद केवल खानापूर्ति कर रही है। सफाई का कार्य सतही तौर पर किया जाता है और उसकी जांच का भी कोई ठोस प्रबंध नहीं होता। ठेकेदार और संबंधित अधिकारी की मिलीभगत से हर साल लाखों रुपये खर्च किए जाते हैं, लेकिन परिणाम शून्य रहते हैं।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि पिछले कई वर्षों से इस समस्या का कोई स्थायी समाधान नहीं निकाला गया है। नालियों की समय रहते गहरी सफाई, जल निकासी की प्रभावी योजना और अधिकारियों की जवाबदेही तय किए बिना यह समस्या साल दर साल और भी गंभीर होती जा रही है।
स्थानीय व्यापारी संघ और नागरिकों ने प्रशासन से मांग की है कि समस्या का स्थायी समाधान किया जाए, जिम्मेदार ठेकेदारों और अधिकारियों पर कार्रवाई हो और नाली सफाई का वास्तविक निरीक्षण किया जाए ताकि जनता को हर साल इस त्रासदी से दो-चार न होना पड़े।




