चंद्रपुर : गड़चिरोली की एक आश्रमशाला में हुई घटना को राज्य सरकार ने गंभीरता से लिया है। इसके मद्देनजर सभी जिलों में आश्रमशालाओं की सुरक्षा को लेकर आवश्यक उपाययोजना करने के निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में चंद्रपुर की जिलाधिकारी वसुमना पंत ने 17 अगस्त 2026 को संबंधित विभागों की समीक्षा बैठक लेकर जिले की आश्रमशालाओं की नियमित जांच करने के निर्देश दिए।
जिलाधिकारी पंत ने कहा कि जिन गांवों और तहसीलों में आदिवासी विकास विभाग, सामाजिक न्याय विभाग तथा वीजेएनटी की सरकारी या अनुदानित आश्रमशालाएं संचालित हैं, वहां मंडल अधिकारी, तलाठी, ग्रामसेवक और पुलिस पाटील नियमित रूप से दौरा करें। साथ ही आश्रमशाला के अधीक्षक एवं मुख्याध्यापक के निरंतर संपर्क में रहें। किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना होने पर विद्यार्थियों को तत्काल चिकित्सा सुविधा उपलब्ध हो सके, इसके लिए संबंधित क्षेत्र के स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधिकारी एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मियों के मोबाइल नंबर आश्रमशाला के कर्मचारियों के पास उपलब्ध रखना अनिवार्य किया गया है। इसके साथ ही संबंधित राजस्व विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के संपर्क नंबर भी आश्रमशाला में उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए।
सांप-बिच्छू से बचाव के लिए विशेष सावधानी
जिलाधिकारी ने आश्रमशालाओं के परिसर में बढ़े हुए घास, झाड़ियों और अनावश्यक वनस्पति को नियमित रूप से हटाने के निर्देश दिए, ताकि सांप, बिच्छू जैसे जहरीले जीवों से विद्यार्थियों को किसी प्रकार का खतरा न हो। पेड़-पौधों और झाड़ियों वाले क्षेत्रों तथा सुरक्षा दीवार के आसपास थिमेट का आवश्यकतानुसार उपयोग करने और इसके उपयोग की दिनांकवार रिकॉर्ड रखने को कहा गया।
उन्होंने कक्षाओं एवं विद्यार्थियों के रहने वाले कमरों के दरवाजों के नीचे रबर स्टिक लगाने के निर्देश भी दिए, ताकि सांप अथवा अन्य जीव कमरे में प्रवेश न कर सकें। आश्रमशालाओं के परिसरों में सीसीटीवी कैमरे लगाने की योजना तैयार करने पर भी जोर दिया गया।
जिलाधिकारी वसुमना पंत ने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों की सुरक्षा प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। आश्रमशालाओं में किसी भी संभावित खतरे को रोकने के लिए संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ नियमित निगरानी और आवश्यक सुरक्षा उपाय सुनिश्चित करने होंगे।
बैठक में एकात्मिक आदिवासी विकास विभाग के प्रकल्प अधिकारी विकास राचेलवार उपस्थित रहे, जबकि दूरदृश्य प्रणाली के माध्यम से जिले के सभी तहसीलदार बैठक में शामिल हुए।




