प्रणयकुमार बंडी
घुग्घुस, चंद्रपुर : घुग्घुस नगर परिषद की सर्वसाधारण सभा से पहले ही शहर की राजनीति गरमा गई है। नगराध्यक्ष के केबिन के लिए AC खरीदने का प्रस्ताव चर्चा और विवाद का केंद्र बन गया है। शहर में पानी की समस्या, बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटें, जाम नालियां, खराब सड़कें और अन्य मूलभूत समस्याओं से नागरिक परेशान हैं। ऐसे समय में जनहित के मुद्दों को पीछे छोड़ते हुए अध्यक्ष के केबिन में AC लगाने का विषय सभा के सामने विचारार्थ रखे जाने से विपक्षी नगरसेवकों ने तीखी नाराजगी जताई है।
नगर परिषद क्षेत्र के कई प्रभागों में आज भी नियमित जलापूर्ति नहीं होने की शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। कई जगहों पर नालियों की सफाई नहीं होने से बदबू और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ रही हैं। कुछ इलाकों में स्ट्रीट लाइट बंद होने के कारण लोगों को अंधेरे में आवाजाही करनी पड़ रही है। ऐसी गंभीर परिस्थितियों में प्रशासन से उम्मीद थी कि वह पहले जनता की मूलभूत समस्याओं पर ध्यान देगा, लेकिन “नगराध्यक्ष मैडम के केबिन में AC खरीदने” का प्रस्ताव सामने आने से नागरिकों में भी आश्चर्य और नाराजगी देखी जा रही है।
विपक्षी नगरसेवक और नगरसेविकाओं द्वारा इस प्रस्ताव का विरोध किए जाने की चर्चा जोरों पर है। विपक्ष का कहना है कि “जनता के कामों के लिए फंड नहीं, लेकिन सत्ता पक्ष की सुविधाओं के लिए तुरंत प्रस्ताव?” इस मुद्दे ने नगर परिषद की प्राथमिकताओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। आर्थिक संकट, अधूरे विकास कार्य और नागरिकों की समस्याओं के बीच ऐसे खर्च को कितना उचित माना जाए, इस पर चर्चा तेज हो गई है।
स्थानीय नागरिकों में भी इस विषय को लेकर नाराजगी दिखाई दे रही है। लोगों का कहना है कि “कार्यालय में AC लगाने से पहले जनता को पानी, सफाई और मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।” नागरिकों का मानना है कि जनता के टैक्स के पैसों का उपयोग सबसे पहले जनहित के कार्यों में होना चाहिए।
इस बीच, नगर परिषद सभागार में इस मुद्दे को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस होने की संभावना जताई जा रही है। शहर की अधूरी विकास योजनाएं, मूलभूत सुविधाओं की कमी और प्रशासन की प्राथमिकताओं को लेकर बैठक में माहौल गर्म होने के संकेत मिल रहे हैं।
अब देखने वाली बात यह होगी कि इस सर्वसाधारण सभा में जनता की समस्याओं को प्राथमिकता दी जाती है या फिर AC का मुद्दा ही पूरी बैठक पर हावी रहता है।




