दसवीं और बारहवीं परीक्षा की तैयारी की समीक्षा बैठक संपन्न
बुलढाणा में 34,635 छात्र देंगे बारहवीं की परीक्षा, 116 परीक्षा केंद्रों की व्यवस्था
बुलढाणा : महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने दसवीं और बारहवीं की परीक्षा में सामूहिक नकल को लेकर कड़ा रुख अपनाया है. उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि यदि किसी परीक्षा केंद्र पर सामूहिक नकल के मामले सामने आते हैं, तो उस केंद्र की मान्यता स्थायी रूप से रद्द कर दी जाएगी. इसके अलावा, नकल में सहयोग करने वाले शिक्षकों और कर्मचारियों को बर्खास्त करने का भी आदेश दिया गया है.
मुख्यमंत्री ने यह आदेश राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में दिया, जहां उन्होंने जिलाधिकारियों और पुलिस अधिकारियों से परीक्षा की तैयारियों और सुरक्षा उपायों को लेकर चर्चा की. इस दौरान उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री अजित पवार और अन्य मंत्री भी मौजूद थे. बुलढाणा से प्रभारी जिलाधिकारी सदाशीव शेलार, उपमुख्य कार्यकारी अधिकारी बी.एम. मोहन और अपर पुलिस अधीक्षक बी.बी. महामुनी ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक में भाग लिया.
कठोर नियमों के साथ परीक्षा होगी नकल मुक्त
बारहवीं की परीक्षा 18 मार्च तक चलेगी और इसके लिए 3,373 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं. वहीं, दसवीं की परीक्षा 21 फरवरी से 17 मार्च तक 5,130 परीक्षा केंद्रों पर आयोजित की जाएगी. शिक्षा विभाग ने सभी तैयारियों को पूरा कर लिया है.
मुख्यमंत्री फडणवीस ने निर्देश दिया कि परीक्षा केंद्रों पर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 का सख्ती से पालन किया जाए. परीक्षा केंद्र और उसके 100 मीटर के दायरे में बाहरी लोगों का प्रवेश पूरी तरह से प्रतिबंधित किया जाए. परीक्षार्थियों को परीक्षा कक्ष में किसी भी प्रकार की नकल सामग्री, नोट्स, किताबें या मोबाइल फोन ले जाने की अनुमति नहीं होगी. इस पूरे अभियान की निगरानी उड़नदस्ता दल (फ्लाइंग स्क्वॉड) द्वारा की जाएगी.
विशेष बैठी टीमों की नियुक्ति
हर परीक्षा केंद्र पर विशेष बैठी टीम (स्टेटिक स्क्वॉड) नियुक्त की जाएगी, जो परीक्षा शुरू होने से पहले केंद्र पर पहुंचेगी और उत्तर पुस्तिकाओं को सुरक्षित कस्टोडियन तक पहुंचाने तक निगरानी रखेगी. संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर वरिष्ठ और अनुभवी अधिकारियों को इन टीमों में शामिल किया जाएगा.
ड्रोन कैमरों से होगी निगरानी
संवेदनशील परीक्षा केंद्रों पर ड्रोन कैमरों और वीडियो रिकॉर्डिंग सिस्टम के जरिए चौबीसों घंटे निगरानी रखी जाएगी. प्रत्येक तालुका में परीक्षा केंद्रों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जिलाधिकारी द्वारा एक विभाग प्रमुख और उपजिलाधिकारी की नियुक्ति की जाएगी.
बुलढाणा में नकल मुक्त परीक्षा की सख्त निगरानी
बुलढाणा जिले में 34,635 छात्र बारहवीं की परीक्षा दे रहे हैं, जिसके लिए 116 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं. वहीं, दसवीं की परीक्षा में 40,194 छात्र भाग लेंगे, जिनके लिए 159 परीक्षा केंद्र तैयार किए गए हैं. परीक्षा को सुचारू रूप से संपन्न कराने के लिए एक जिला स्तरीय और 13 तालुका स्तरीय उड़नदस्ते तैनात किए गए हैं. कानून एवं सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए 33 पुलिस दस्ते और 23 जिला परिषद टीमें परीक्षा केंद्रों पर निगरानी रखेंगी.
मुख्यमंत्री के निर्देशों के तहत बुलढाणा जिले में नकल मुक्त परीक्षा अभियान को प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है. परीक्षा केंद्रों पर नकल कराने वाले अभिभावकों, अधिकारियों, कर्मचारियों और शिक्षकों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी. प्रभारी जिलाधिकारी सदाशीव शेलार ने बताया कि परीक्षा की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं.




